कौम का भविष्य नारों से नहीं, तालीम से बनता है: आदिल दाऊद पीनारा डी.एच.पी. फाउंडेशन ने कुरैशी महासभा संस्थान हॉस्टल-सीकर के लिए बढ़ाया एक करोड़ रुपए का हाथ
फ्राइडे संवाद. दुबई | कुरैशी महासभा संस्थान हॉस्टल-सीकर के लिए जमीन खरीद में समाज का साथ देने के डी.एच.पी. फाउंडेशन के फैसले को लेकर एफआर न्यूज के ब्यूरो चीफ अकील अहमद ने फाउंडेशन के आदिल दाऊद पीनारा से दुबई फोन पर खास बातचीत की। इस बातचीत में आदिल दाऊद पीनारा ने फाउंडेशन की सोच और भविष्य की योजनाओं पर विस्तार से रोशनी डाली। आदिल दाऊद पीनारा ने कहा कि कौम का भविष्य नारों से नहीं, बल्कि तालीम से बनता है। उन्होंने कहा कि जब समाज अपने भविष्य की बात करता है तो सबसे पहले शिक्षा की बात होनी चाहिए। भारत के पूर्व राष्ट्रपति डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम को उद्धृत करते हुए उन्होंने कहा कि आज दुनिया ज्ञान आधारित सामाजिक संरचना की ओर बढ़ रही है, जहां ज्ञान ही शक्ति और संपन्नता की असली मुद्रा साबित होगा।गुणवत्तापूर्ण तालीम के जरिये समाज के हर क्षेत्र में व्यापक परिवर्तन लाना हैउन्होंने बताया कि डी.एच.पी. फाउंडेशन का सबसे पहला उद्देश्य गुणवत्तापूर्ण तालीम के जरिये समाज के हर क्षेत्र में व्यापक परिवर्तन लाना है। यही उनके परिवार का मिशन रहा है, जिसका पालन उनके वालिद दाऊद हनीफ पीनारा ने किया और अब यही विरासत भाई-बहन मिलकर आगे बढ़ा रहे हैं। उन्होंने कहा कि एक कॉर्पोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (सीएसआर) के जज्बे के तहत परिवार निरंतर शिक्षा, स्वास्थ्य और अन्य जनकल्याणकारी कार्यों में बिना किसी भेदभाव के जुटा हुआ है, और भविष्य में भी समाज को ऐसे कई जनहित कार्य देखने को मिलेंगे।सीकर हॉस्टल प्रोजेक्ट: कुरैशी समाज का लंबे समय से देखा गया सपना साकार होने जा रहा हैकुरैशी महासभा संस्थान हॉस्टल, सीकर के प्रोजेक्ट को लेकर आदिल दाऊद पीनारा ने कहा कि फाउंडेशन इस प्रोजेक्ट के प्रति पूर्ण रूप से समर्पित है, क्योंकि इसके जरिये कुरैशी समाज का लंबे समय से देखा गया एक सपना साकार होने जा रहा है। गौरतलब है कि फाउंडेशन ने संस्थान के जनरल सेक्रेट्री साजिद सुलेमानी और कोषाध्यक्ष मुस्तफा कुरैशी को हॉस्टल के लिए जमीन खरीदने हेतु एक करोड़ रुपए देने और असद बिन फरहत दाऊद पीनारा गेट के निर्माण की जिम्मेदारी लेने का फैसला किया है। इस कार्य की निगरानी के लिए फतेहपुर से रब्बानी सोलंकी तथा दुबई से अब्दुल बासित सोलंकी, यासीन आसिफ कुरैशी और आदिल दाऊद पीनारा की चार सदस्यीय कमेटी गठित की गई है।
कुरेशी महासभा ने डीएचपी फाउंडेशन का जताया आभार
संस्था के कोषाध्यक्ष एवं लक्ष्मणगढ़ नगर पालिका के पूर्व चेयरमैन हाजी मुस्तफा कुरैशी ने कहा कि संस्था के अध्यक्ष हाजी मकबूल मंडेलिया सहित सभी सदस्य डीएचपी फाउंडेशन का आभार व्यक्त करते हैं। उन्होंने बताया कि फाउंडेशन के हेड दाऊद हनीफ पिनारा ने स्वयं समाज के इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट में भागीदारी करते हुए ₹1 करोड़ के सहयोग की घोषणा की है। उन्होंने कहा कि पिछले एक वर्ष में संस्था से करीब 5,000 लोगों को जोड़ा जा चुका है। समाज के लगभग 10–12 भामाशाहों ने भी बड़े सहयोग का आश्वासन दिया है। सबसे पहले सीकर में करीब 5 बीघा जमीन देखी जा रही है, जिसकी अनुमानित लागत ₹5–6 करोड़ होगी। इस परिसर में बॉयज़ हॉस्टल, कॉलेज और संस्था का मुख्य कार्यालय (हेड ऑफिस) बनाने की योजना है। जमीन की टोकन राशि जमा कराने के बाद विभिन्न भामाशाहों से सहयोग राशि एकत्रित की जाएगी।संस्थान के प्रदेश सचिव एवं प्रवक्ता साजिद सुलेमानी कुरैशी ने कहा कि कुरैशी महासभा संस्थान एक ‘अंब्रेला संगठन’ के रूप में कार्य करेगा। संस्था का नाम भले ही एक बिरादरी पर आधारित हो, लेकिन इसका उद्देश्य शिक्षा, सामाजिक उत्थान, कौशल विकास, रोजगार और जनसेवा के माध्यम से सर्वसमाज के हित में कार्य करना है। उन्होंने बताया कि संस्था की सर्वोच्च प्राथमिकता शिक्षा के क्षेत्र में कार्य करना है। उन्होंने बताया कि संस्था की 22 सदस्यीय कोर कमेटी गठित की गई है। संस्था के सरपरस्त के मार्गदर्शन तथा अध्यक्ष, वरिष्ठ उपाध्यक्ष, उपाध्यक्ष, महासचिव, सचिव, कोषाध्यक्ष एवं अन्य पदाधिकारियों के आपसी समन्वय से संगठन के सभी कार्य संचालित किए जाएंगे।