बीते सात साल में 274 भगोड़े अपराधियों को भारत लाया गया: गृह मंत्रालय
नई दिल्ली | केंद्र सरकार ने दावा किया है कि 2019 से 2026 के बीच 36 देशों से 274 फरार अपराधियों को भारत वापस लाया गया है। सरकार ने दावा किया है कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन में भारत ने भगोड़े अपराधियों से निपटने के लिए खुफ़िया जानकारी और तकनीक पर आधारित इंटिग्रेटेड सिस्टम विकसित किया है।
मोदी सरकार की ओर से जारी एक बयान में कहा गया है कि पिछली सरकारों में भगोड़े अपराधियों को वापस लाने की राजनीतिक इच्छाशक्ति नहीं थी, जबकि मोदी सरकार ने इसे राष्ट्रीय प्राथमिकता बनाया। मोदी सरकार ने दावा किया है इस अवधि में इंटरपोल के रेड कॉर्नर नोटिस जारी करने में ख़ासी बढ़ोतरी हुई है। पिछले तीन वर्षों में 401 फरार अपराधियों के खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस जारी किए गए। बयान में दावा किया गया है कि मोदी सरकार ने भारतपोल की शुरुआत की, जिसके जरिए 1,400 से अधिक एजेंसियों को इंटरपोल से जोड़ा गया। बयान में कहा गया है कि पीएमएलए सख़्ती से लागू होने से 2019 से 2026 के बीच फ़रार अपराधियों की 17,874 करोड़ रुपये की संपत्तियां जब्त की गईं। 2019 से 2026 के बीच 18,762 करोड़ रुपये की वसूली की गई, जिसमें देश छोड़कर भाग चुके आर्थिक अपराधियों से बरामद धन भी शामिल है। ऑपरेशन त्रिशूल के तहत मोदी सरकार ने विदेशों में नाम और पहचान बदलकर छिपे फ़रार अपराधियों का पता लगाने के लिए सैटेलाइट तकनीक और डिजिटल फुटप्रिंट का इस्तेमाल किया।